झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन, पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा की पत्नी गीता कोड़ा और महुआ माजी जैसे नेताओं की किस्मत दांव पर है. वहीं, वायनाड लोकसभा सीट पर कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी भी चुनावी मैदान में हैं, जहां उनका मुकाबला भाजपा के उम्मीदवार से होगा.
जैसे ही यह बात सामने आई, भाजपा कार्यकर्ता मंच से यह घोषणा करने लगे कि जिसने भी पर्स लिया है, वह उसे लौटा दे. मिथुन चक्रवर्ती निरसा विधानसभा क्षेत्र की भाजपा प्रत्याशी अपर्णा सेन गुप्ता के समर्थन में जनसभा को संबोधित करने पहुंचे थे.
आंकड़ों के अनुसार, हरियाणा के फरीदाबाद जिले में सबसे ज्यादा बीपीएल लाभार्थी हैं. फरीदाबाद में 14.29 लाख लोग बीपीएल सूची में शामिल हैं, जो राज्य के किसी भी अन्य जिले से अधिक है.
पीएम मोदी ने अपने भाषण में आरक्षण के मुद्दे को भी प्रमुखता से उठाया. उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि कांग्रेस हमेशा से दलितों, पिछड़ों और आदिवासियों के आरक्षण का विरोध करती रही है.
विश्लेषकों के अनुसार, बीजेपी का उद्देश्य हिंदू समाज में एकता लाकर चुनावी लाभ हासिल करना है. राज्यवार चुनावों में जातीय राजनीति का असर बढ़ता जा रहा है, और बीजेपी इसे अपने पक्ष में मोड़ने की कोशिश कर रही है.
Maharashtra: वंचित बहुजन अघाड़ी (VBA) के अध्यक्ष प्रकाश आंबेडकर ने दावा किया है कि उद्धव ठाकरे की शिवसेना स्पष्ट रूप से भाजपा से जुड़ी हुई लगती है. आंबेडकर के इस बयान के बाद यह सवाल उठने लगे हैं कि क्या उद्धव भाजपा के साथ नया गठबंधन बनाएंगे.
Manipur Violence:सोमवार दोपहर 2.30 बजे मणिपुर के बोरोबेकेरा के जकुराडोर करोंग इलाके की है. बोरोबेकेरा पुलिस स्टेशन और CRPF चौकी पर इन उग्रवादियों ने पहले हमला किया। जवाबी कार्रवाई के दौरान CRPF का एक जवान घायल हुआ.
बैठक के दौरान दोनों देशों के बलों ने अपने समुद्री सुरक्षा और सहयोग को और मजबूत करने के लिए अपने संकल्प को दोहराया. यह सहयोग न केवल समुद्रों की सुरक्षा को सुनिश्चित करेगा, बल्कि दक्षिण एशिया में समुद्री अपराधों की रोकथाम में भी मदद करेगा.
Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश में ब्लाइंड डेट पर गए एक शख्स के साथ ऐसा हुआ कि आप भी शॉक हो जाएंगे. शायद आप ब्लाइंड डेट के कांसेप्ट से दूरी बना लेंगे. उत्तर प्रदेश के झाँसी जिले में 'ब्लाइंड डेट' के बाद एक व्यक्ति को 3 लाख की फिरौती के लिए किडनैप कर लिया गया.
Supreme Court: दिल्ली सरकार के वकील ने SC के सामने कहा था कि पटाखा बैन को पूरे साल लागू करने का फैसला सभी संबंधित विभागों से सलाह करने के बाद लिया जाएगा. SC के जस्टिस अभय ओक और जस्टिस ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह की बेंच ने दिल्ली पुलिस से कहा, 'दिल्ली पुलिस ने प्रतिबंधों को गंभीरता से लागू नहीं करवाया.'