FIR on Tejashwi Yadav: 22 अगस्त को पीएम मोदी गया दौरे पर पहुंचे थे. पीएम के इस दौरे से पहले तेजस्वी यादव ने अपने सोशल मीडिया पर एक कार्टून शेयर किया था.
पहली बार बिहार में कांग्रेस और आरजेडी के दो सबसे बड़े नेता एक साथ, कंधे से कंधा मिलाकर इतने लंबे समय तक सड़क पर रहेंगे. यह यात्रा न केवल चुनावी समीकरणों को बदलने की कोशिश है, बल्कि एक बड़ा जन आंदोलन बनाने का प्रयास भी है, जिसका केंद्र बिंदु है 'मतदाता सूची में कथित धांधली' का मुद्दा.
Bihar Politics: तेजस्वी ने दावा किया कि गुजरात के लोगों को बिहार की वोटर लिस्ट में शामिल किया जा रहा है, जबकि विपक्षी मतदाताओं के नाम हटाए जा रहे हैं.
Bihar Election 2025: नीतीश कुमार ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए प्रदेश के छह प्रमुख नेताओं की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया है.
Bihar SIR: तेजस्वी यादव ने बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा पर दो वोटर ID (EPIC नंबर) रखने का सनसनीखेज आरोप लगाया है.
एक ही व्यक्ति का नाम एक से ज़्यादा चुनावी क्षेत्रों की मतदाता सूची में नहीं हो सकता. यदि कोई व्यक्ति जानबूझकर दो अलग-अलग पतों पर पंजीकरण कराता है, तो यह कानून का उल्लंघन है. ऐसा करने पर एक साल तक की जेल या जुर्माना या दोनों हो सकते हैं.
Tejashwi Yadav Vs EC: पटना में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने कहा- 'मेरा नाम वोटर लिस्ट में नहीं है, तो हम चुनाव कैसे लड़ेंगे?' चुनाव आयोग ने तुरंत आरोपों पर जवाब दिया.
तेजस्वी भली-भांति जानते हैं कि अगर यह बात फैलती है कि बीजेपी ब्राह्मण समुदाय से आने वाले मंगल पांडेय को सीएम बनाएगी, तो इसका सीधा असर पिछड़े, अतिपिछड़े और दलित वोटों पर पड़ सकता है. इन वोटों का ध्रुवीकरण महागठबंधन के पक्ष में हो सकता है, जिससे NDA को बड़ा नुकसान होगा.
Bihar Election 2025: विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने SIR प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए चुनाव बहिष्कार की धमकी दी है. उन्होंने आरोप लगाया है कि सत्तारूढ़ NDA और चुनाव आयोग मिलकर मतदाता सूची में हेरफेर कर रहे हैं.
Bihar Monsson Session 2025: तेजस्वी यादव ने मतदाता सत्यापन के लिए मांगे जा रहे 11 दस्तावेजों पर सवाल उठाते हुए नीतीश कुमार सरकार पर निशाना साधा. इस दौरान मुख्यमंत्री और तेजस्वी के बीच तीखी बहस हुई.