कार्यवाही के दौरान आरोप-प्रत्यारोप के बीच ‘औकात में रहिए’ जैसे शब्दों ने सदन का तापमान बढ़ा दिया. जवाब में भी कड़ी प्रतिक्रिया आई और हंगामा तेज हो गया. हालांकि बाद में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सदन की गरिमा का जिक्र करते हुए खेद व्यक्त किया. सदस्यों ने भी मर्यादा बनाए रखने का संकल्प लिया.
पूरा मामला करौंद इलाके का है. जानकारी के मुताबिक यहां मकान नंबर 21, जो महज 600 वर्गफीट का है, वहां 43 मतदाताओं के नाम सूची में दर्ज पाए गए. इसी बूथ पर 1500 वर्गफीट के एक अन्य मकान में 37 और 800 वर्गफीट के मकान में 36 मतदाता दर्ज हैं.
MP News: विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर को पत्र सौंपकर लोकायुक्त तथा CAG के प्रतिवेदनों पर सदन में चर्चा कराए जाने की मांग की है.
MP News: प्रदेश में अवैध कॉलोनियां विकसित करने वालों के खिलाफ अब कठोर कार्रवाई होगी और इसके लिए तीन महीने के भीतर कड़ा कानून लाया जाएगा.
मंत्री उदय प्रताप सिंह ने स्पष्ट किया कि जिलों द्वारा पहले खरीदे गए इंटरएक्टिव पैनल एंड्रॉइड 11 और 4 जीबी रैम कॉन्फिग्रेशन के थे, जबकि राज्य स्तर पर लिए गए पैनल एंड्रॉइड 13 और 8 जीबी रैम जैसी उन्नत तकनीक के साथ खरीदे गए.
सरकार ने यह भी जानकारी दी कि वर्ष 2026-27 के लिए 43 हजार पदों की स्वीकृति हेतु प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा गया है. स्वीकृति मिलने के बाद यह तय किया जाएगा कि किन-किन श्रेणियों के पदों पर भर्ती की जाएगी.
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि कोल ब्लॉक के लिए 8 गांवों की जमीन अधिग्रहित की जा रही है और कलेक्टर की सूची के अनुसार 12,998 परिवार प्रभावित हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि प्रभावित आदिवासी परिवारों को पूर्ण मुआवजा नहीं दिया गया है और मुआवजा वितरण में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं.
मध्य प्रदेश कर्मचारी अधिकारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र सिंह ने इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने मुख्यमंत्री के निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करना आवश्यक है, लेकिन यह नियम केवल कर्मचारियों तक सीमित नहीं रहना चाहिए. अधिकारियों की भी मॉनिटरिंग होनी चाहिए.
Bhopal News: मध्यप्रदेश के कूनो नेशनल पार्क में लाए गए चीतों को लेकर एक बार फिर खर्च और प्रबंधन पर सवाल खड़े हो रहे हैं. खबर है कि कूनो नेशनल पार्क में चीते 1 करोड़ के बकरे लंच और डिनर में खा गए हैं.
MP News: अधिकारियों के अनुसार दुकानों का आवंटन 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2027 तक की अवधि के लिए किया जाएगा. जिला स्तर पर कलेक्टर की अध्यक्षता में गठित जिला निष्पादन समिति पूरी ई-टेंडर प्रक्रिया की निगरानी करेगी.