राकेश कुमार

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राकेश कुमार विस्तार न्यूज़ में वरिष्ठ उप संपादक सह संवाददाता के पद पर हैं. यहां वो डेटा स्टोरीज, एक्सप्लेनर के अलावा इन डेप्थ खबरों पर काम करते हैं. माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स डिग्री हासिल कर चुके राकेश को रिसर्च में इंटरेस्ट है. इन्हें राजनीति के अलावा बिजनेस, मनोरंजन और लीगल न्यूज स्टोरीज पर काम करना पसंद है. काम के इतर बात करें, तो राकेश को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है. पूर्व में राकेश सहारा समय नेशनल न्यूज़ चैनल, फीवर FM, APN न्यूज़ और भारत एक्सप्रेस जैसे संस्थानों से जुड़े थे.

Bengaluru Stampede

अफवाह, अफरा-तफरी, लाठीचार्ज और भगदड़…बेंगलुरु हादसे की ये है कहानी

शाम करीब 5:30 बजे अचानक बारिश शुरू हो गई, जिसने हालात को और बदतर कर दिया. सड़कें गीली हो गईं, लोग फिसलने लगे, और भीड़ को काबू करना पुलिस के लिए और मुश्किल हो गया. अपने दोस्तों के साथ स्टेडियम आई 25 साल की सिंचना ने बताया, “जैसे ही गेट थोड़ा सा खुला, लोग बेकाबू हो गए. मैं अनिल कुंबले सर्कल के पास थी, इसलिए सबसे खराब स्थिति से बच गई, लेकिन वहां का मंजर डरावना था.”

Bollywood Story

गब्बर सिंह का ‘बाप’ था जब्बर सिंह, शोले की कहानी में छुपा है इस फिल्म का राज!

शोले ने बॉलीवुड में इतिहास रच दिया. इसके डायलॉग्स, गाने और किरदार आज भी जिंदा हैं. लेकिन मेरा गांव मेरा देश धीरे-धीरे लोगों की यादों से फीकी पड़ गई. फिर भी, इस फिल्म का जादू कम नहीं था. इसके गाने जैसे ‘आया आया अतरिया पे कोई चोर…’ और ‘सजन रे झूठ मत बोलो…’ आज भी गुनगुनाए जाते हैं.

PM Modi

6 साल में पहली बार G7 समिट में शामिल नहीं होंगे पीएम मोदी, ट्रूडो के जाने के बाद भी नहीं बदली कनाडा की करतूत!

भारत लंबे समय से कनाडा से कह रहा है कि वो अपने यहां सक्रिय खालिस्तानी समूहों पर लगाम लगाए. ये समूह कनाडा की धरती से भारत विरोधी गतिविधियां चलाते हैं, जिनमें हिंसक प्रदर्शन और अलगाववादी प्रचार शामिल हैं. निज्जर की हत्या के बाद ट्रूडो के बयानों ने भारत को और नाराज किया, क्योंकि भारत का कहना है कि कनाडा ने बिना सबूत के गंभीर आरोप लगाए.

Haryana Liquor Auction

अरे गजब! शराब के ठेके की लगी 98 करोड़ की बोली, हरियाणा सरकार मालामाल

इस नीति का असर साफ दिख रहा है. हरियाणा के उप आबकारी आयुक्त अमित भाटिया का कहना है, “इस बार की नीलामी में कारोबारियों का उत्साह देखने लायक है. ये दिखाता है कि नई नीति को व्यापारियों का भरोसा मिल रहा है.”

Dhirendra Shastri On Bakrid

“जीवन लेने का अधिकार किसी को नहीं…”, बकरीद पर कुर्बानी को लेकर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का बड़ा बयान, यूपी के सांसद बोले- हर कोई योगी…

धीरेंद्र शास्त्री बेबाक अंदाज के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने न सिर्फ बकरीद पर पशु बलि का विरोध किया, बल्कि सभी धर्मों और समुदायों से अपील की कि वे हिंसा को छोड़कर अहिंसा का रास्ता अपनाएं. शास्त्री का मानना है कि समय बदल चुका है. अब हमें पुरानी परंपराओं को नए नजरिए से देखने की जरूरत है.

LN Mishra Murder Case

खून से सनी सियासत! कौन बुन रहा था बिहार के सबसे बड़े कांग्रेस नेता LN Mishra की मौत का ताना-बाना? आधी सदी बाद भी सुलगता सवाल

50 साल बाद भी कई सवाल अनुत्तरित हैं. आखिर मिश्रा को किसने मारा? क्या आनंद मार्ग सिर्फ एक बलि का बकरा था? सीबीआई की जांच में क्या कमियां थीं? क्या कोई बड़ी साजिश थी, जिसे दबा दिया गया? वैभव मिश्रा और अश्विनी चौबे जैसे लोग चाहते हैं कि एक नई जांच इन सवालों के जवाब दे.

Russia Ukraine War

ट्रक में बक्से, बक्सों के भीतर किलर ड्रोन… रूसी एयरबेस को ‘ऑपरेशन स्‍पाइडर वेब’ के जरिए यूक्रेन ने ऐसे किया तबाह

यूक्रेन का दावा है कि इस हमले में रूस के 41 विमान, जिनमें Tu-95, Tu-22 जैसे न्यूक्लियर बमवर्षक और A-50 जैसे खतरनाक विमान शामिल थे, पूरी तरह तबाह हो गए. ये वही विमान थे, जो यूक्रेन पर बमबारी कर रहे थे.

Delhi-NCR Weather

दिल्ली-NCR में मौसम ने ली अंगराई, आंधी-बारिश ने दी गर्मी से राहत

मौसम विभाग के मुताबिक, सफदरजंग में हवा की रफ्तार 67 किलोमीटर प्रति घंटा और पालम (IGI एयरपोर्ट) में 65 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई. खासकर दक्षिणी दिल्ली के वसंत कुंज और आसपास के इलाकों में बारिश ने गर्मी को मात दे दी.

CG News

“बिना हिंसा चुनाव कराओ, जमानत जब्त हो जाएगी”, बंगाल में ममता ‘दीदी’ पर बरसे अमित शाह

अमित शाह ने ममता बनर्जी को आड़े हाथों लेते हुए कहा, "दीदी, आपने बंगाल की महान भूमि को भ्रष्टाचार, घुसपैठ और हिंसा का गढ़ बना दिया. बंगाल के गौरवशाली इतिहास को आपने तार-तार कर दिया."

Gold Origin

आकाश से गिरा या पाताल से निकला? धरती पर आया कहां से इतना सोना? गजब है कहानी

कहानी यहीं खत्म नहीं होती. जब धरती छोटी थी, तब एक मंगल ग्रह जितनी बड़ी चट्टान उससे टकराई. इस टक्कर से निकला मलबा चंद्रमा बना. इसके बाद भी अंतरिक्ष से ढेर सारी चट्टानें धरती पर गिरीं. वैज्ञानिक इसे 'लेट एक्रीशन' कहते हैं. इन चट्टानों में सोने जैसे तत्व थे, जो धरती पर बिखर गए.

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