‘MP में घरेलू और वाहन गैस की कोई कमी नहीं’, CM मोहन यादव बोले- किसी भी तरह की चिंता करने की जरूरत नहीं

मुख्यमंत्री ने कहा कि एक महत्वपूर्ण राजनयिक उपलब्धि यह भी है कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले भारतीय ध्वज वाले जहाजों और टैंकरों को नहीं रोका जाएगा, जिससे पेट्रोलियम आपूर्ति में किसी प्रकार की बाधा नहीं आएगी.
Chief Minister Dr. Mohan Yadav (File Photo)

मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव(File Photo)

MP News: मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि पश्चिम एशिया में युद्ध जैसी परिस्थितियों के बावजूद प्रदेश में घरेलू रसोई गैस, पाइपलाइन गैस और वाहन गैस की कोई कमी नहीं है. उपभोक्ताओं को गैस की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है और नागरिकों को किसी प्रकार की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों को देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार के मंत्री लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए हैं. कालाबाजारी और जमाखोरी रोकने के लिए केंद्र और राज्य स्तर पर आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं, जिससे नागरिकों को रसोई गैस से जुड़ी कोई परेशानी नहीं होगी.

‘कच्चे तेल की आपूर्ति सुनिश्चित की गई है’

मुख्यमंत्री ने बताया कि पश्चिम- मध्य एशिया में भू-राजनीतिक गतिविधियों के कारण पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है. अब तक अधिकांश कच्चे तेल की आपूर्ति स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के रास्ते होती थी, लेकिन वर्तमान परिस्थितियों में अन्य स्रोतों से भी कच्चे तेल की आपूर्ति सुनिश्चित की गई है. देश की रिफाइनरियां उच्च क्षमता पर कार्य कर रही हैं और एलपीजी उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं. इसके परिणामस्वरूप एलपीजी उत्पादन में लगभग 25 प्रतिशत की वृद्धि हुई है.

‘भारतीय जहाजों को नहीं रोका जाएगा’

मुख्यमंत्री ने कहा कि एक महत्वपूर्ण राजनयिक उपलब्धि यह भी है कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले भारतीय ध्वज वाले जहाजों और टैंकरों को नहीं रोका जाएगा, जिससे पेट्रोलियम आपूर्ति में किसी प्रकार की बाधा नहीं आएगी. प्राकृतिक गैस की आपूर्ति के लिए वैकल्पिक आपूर्तिकर्ताओं के माध्यम से खरीद प्रक्रिया जारी है और घरेलू पाइपलाइन गैस तथा वाहन गैस की आपूर्ति बिना कटौती के जारी है.

प्रदेश में पेट्रोल, डीजल, एटीएफ, कच्चा तेल और घरेलू गैस की किसी प्रकार की कमी नहीं है तथा आपूर्ति लगातार जारी है. पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों में भी किसी प्रकार की वृद्धि नहीं हुई है. मुख्यमंत्री के निर्देश पर इस विषय की निगरानी के लिए वरिष्ठ मंत्रियों की एक समिति का गठन भी किया गया है.

मुख्य सचिव ने कलेक्टरों को दिए निर्देश

मुख्यमंत्री के निर्देश पर मुख्य सचिव अनुराग जैन ने गुरुवार को वीडियो सम्मेलन के माध्यम से संभाग आयुक्तों, जिला कलेक्टरों और पुलिस अधीक्षकों के साथ बैठक कर एलपीजी सहित अन्य ईंधन की उपलब्धता की समीक्षा की और आवश्यक निर्देश दिए.

बैठक में पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना, अपर मुख्य सचिव शिवशेखर शुक्ला तथा खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की अपर मुख्य सचिव रश्मि अरुण शमी समेत अन्य अधिकारी उपस्थित रहे.

‘गलत सूचनाओं को सख्ती से रोका जाए’

मुख्य सचिव ने निर्देश दिए हैं कि घरेलू गैस वितरण की ऑनलाइन व्यवस्था को और मजबूत किया जाए तथा संबंधित कंपनियां सर्वर क्षमता बढ़ाएं, जिससे रिफिल बुकिंग, ओटीपी प्राप्ति और वितरण की प्रक्रिया सुचारु रूप से चलती रहे. उन्होंने कहा कि गलत सूचनाओं और अफवाहों को सख्ती से रोका जाए तथा जनसंचार माध्यमों के जरिए नागरिकों तक सही जानकारी पहुंचाई जाए.

उन्होंने यह भी कहा कि सूचना तंत्र को मजबूत कर अवैध जमाखोरी और कालाबाजारी की किसी भी घटना को रोकना सुनिश्चित किया जाए. साथ ही नागरिकों के बीच सकारात्मक वातावरण बनाए रखा जाए.

वैकल्पिक ईंधन के उपयोग पर जोर

मुख्य सचिव ने बताया कि कई जिलों में होटल, भोजनालय और विवाह उद्यान संचालकों को रसोई गैस के स्थान पर विद्युत भट्टी और इंडक्शन चूल्हों के उपयोग के लिए प्रेरित किया जा रहा है. उन्होंने अन्य जिलों को भी वैकल्पिक और सुरक्षित ईंधन के उपयोग के लिए जागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए.

उन्होंने विभिन्न शहरों में पाइपलाइन गैस कनेक्शन की स्थिति की जानकारी लेते हुए अधिक से अधिक उपभोक्ताओं को पाइपलाइन गैस प्रणाली से जोड़ने के प्रयास तेज करने को कहा. साथ ही मुख्यमंत्री सहायता पंक्ति में आने वाली शिकायतों का उसी दिन संतोषजनक समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए.

‘गैस उपभोक्ताओं के लिए भी पर्याप्त आपूर्ति उपलब्ध है’

पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाना ने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिए कि सामाजिक माध्यमों सहित विभिन्न मंचों पर गलत सूचना और अफवाह फैलाने वालों पर कार्रवाई की जाए तथा पूरी व्यवस्था में आवश्यक सुरक्षा प्रबंध सुनिश्चित किए जाएं.

अपर मुख्य सचिव रश्मि अरुण शमी ने बताया कि प्रदेश में रसोई गैस, पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त उपलब्धता है. वाहन गैस केंद्रों और पाइपलाइन गैस उपभोक्ताओं के लिए भी पर्याप्त आपूर्ति उपलब्ध है तथा घरेलू उपभोक्ताओं के लिए एलपीजी की पर्याप्त मात्रा लगातार उपलब्ध कराई जा रही है. शैक्षणिक और चिकित्सकीय संस्थानों को वाणिज्यिक गैस सिलेंडर के उपयोग की अनुमति भी प्रदान की गई है.

नियंत्रण कक्ष बनाए जाएंगे

मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि राज्य स्तर के साथ ही जिला स्तर पर भी नियंत्रण कक्ष स्थापित किए जाएं, जहां प्रतिदिन स्थिति की समीक्षा की जाए और समस्याओं का त्वरित समाधान किया जाए. गैस कंपनियों की सहायता पंक्ति के माध्यम से भी नागरिकों को सही जानकारी दी जा रही है.

उन्होंने कहा कि पर्याप्त उपलब्धता के बावजूद अफवाहों के कारण गैस की कमी का वातावरण नहीं बनने दिया जाएगा तथा रसोई गैस सहित अन्य ईंधन का सुरक्षित परिवहन, भंडारण और वितरण सुनिश्चित किया जाएगा.

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